उत्तर प्रदेश के महराजगंज जनपद में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में लगातार चल रही सघन कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम ने चोरी की सात बैटरियां बरामद करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। खास बात यह रही कि पुलिस ने केवल चोरी करने वाले आरोपियों को ही नहीं पकड़ा, बल्कि चोरी का सामान खरीदने वाले दुकानदार को भी गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया है। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में चोरी की घटनाओं में शामिल लोगों के बीच हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार थाना कोतवाली में दर्ज मुकदमा संख्या 263/26 धारा 303(2) बीएनएस के तहत मामले की जांच की जा रही थी। जांच के दौरान पुलिस को कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले, जिसके आधार पर टीम ने सक्रियता दिखाते हुए छापेमारी की और चोरी की सात बैटरियां बरामद कर लीं। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान जितेन्द्र साहनी निवासी मधुबन, मनीष श्रीवास्तव निवासी शास्त्री नगर तथा सलमान निवासी बरवा फाटक के रूप में हुई है।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चल रहा था अभियान
जनपद में लगातार बढ़ती चोरी, लूट और अन्य आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस अधीक्षक द्वारा सभी थाना प्रभारियों को विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए थे। इसी क्रम में कोतवाली पुलिस द्वारा संदिग्ध व्यक्तियों और चोरी के मामलों पर विशेष नजर रखी जा रही थी। पुलिस टीम को सूचना मिली थी कि कुछ लोग चोरी की बैटरियों को बेचने की फिराक में हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने जाल बिछाया और आरोपियों तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ आगे भी इसी प्रकार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और चोरी का सामान खरीदने वालों पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है।
कैसे खुला चोरी का पूरा मामला
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने अलग-अलग स्थानों से बैटरियां चोरी की थीं। चोरी के बाद इन बैटरियों को कम कीमत में बेचने की योजना बनाई गई थी। पुलिस को मुखबिर के जरिए जानकारी मिली कि कुछ लोग चोरी की बैटरियों के साथ इलाके में मौजूद हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए घेराबंदी की और तीनों आरोपियों को दबोच लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने चोरी की घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। पुलिस ने उनके कब्जे से सात चोरी की बैटरियां बरामद कीं। जांच में यह भी पता चला कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में एक दुकानदार भी शामिल है, जो चोरी की बैटरियां खरीदकर उन्हें आगे बेचने का काम करता था। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश कर रही है।
चोरी का सामान खरीदने वालों पर भी शिकंजा
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि चोरी की घटनाओं को बढ़ावा देने में चोरी का सामान खरीदने वाले लोगों की भी बड़ी भूमिका होती है। यदि चोरी का सामान खरीदने वाले लोगों पर सख्ती की जाए तो चोरी की घटनाओं में काफी कमी लाई जा सकती है। इसी वजह से पुलिस ने इस मामले में दुकानदार को भी गिरफ्तार किया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में कई बार बैटरी चोरी की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। खासकर ट्रैक्टर, इनवर्टर और वाहनों की बैटरियां चोरों के निशाने पर रहती हैं। पुलिस की इस कार्रवाई से लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है।
बरामद बैटरियों की जांच में जुटी पुलिस
बरामद की गई सात बैटरियों के संबंध में पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वे किन-किन स्थानों से चोरी की गई थीं। कई लोगों द्वारा पहले भी बैटरी चोरी की शिकायतें दर्ज कराई गई थीं। पुलिस का मानना है कि बरामद बैटरियां उन्हीं मामलों से जुड़ी हो सकती हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति अपनी चोरी हुई बैटरी की पहचान करता है तो आवश्यक दस्तावेजों के आधार पर उसे वापस दिलाने की प्रक्रिया की जाएगी। इसके लिए संबंधित पीड़ितों से संपर्क भी किया जा रहा है।
अपराधियों के खिलाफ जारी रहेगा अभियान
कोतवाली पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस लगातार अपराधियों पर नजर बनाए हुए है और संदिग्ध गतिविधियों में शामिल लोगों की जांच की जा रही है।
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि जनपद में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। चोरी, लूट, अवैध कारोबार और अन्य आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
इस पूरे अभियान को सफल बनाने में कोतवाली पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्रवाई में उपनिरीक्षक विनोद कुमार, उपनिरीक्षक धर्मेन्द्र जैन, उपनिरीक्षक पवन कुमार, हेड कांस्टेबल अरुण पाण्डेय, कांस्टेबल प्रदीप कुमार एवं रिजर्व कांस्टेबल अजीत यादव ने सक्रिय भूमिका निभाई।
पुलिस अधिकारियों ने टीम के कार्य की सराहना करते हुए कहा कि सतर्कता और त्वरित कार्रवाई की वजह से चोरी की वारदात का खुलासा संभव हो पाया। टीम द्वारा लगातार क्षेत्र में निगरानी की जा रही थी, जिसका परिणाम इस सफलता के रूप में सामने आया।
स्थानीय लोगों ने की पुलिस कार्रवाई की सराहना
घटना के खुलासे के बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस की कार्रवाई की सराहना की है। लोगों का कहना है कि पिछले कुछ समय से बैटरी चोरी की घटनाएं बढ़ रही थीं, जिससे आम नागरिक परेशान थे। कई लोगों के वाहनों और इनवर्टर की बैटरियां चोरी हो चुकी थीं।
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि चोरी की घटनाओं से लोगों में भय का माहौल बन जाता है। ऐसे में पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार करना सराहनीय कदम है। लोगों ने मांग की है कि पुलिस इसी प्रकार लगातार अभियान चलाकर अपराधियों पर सख्ती बनाए रखे।
बाजारों और कबाड़ी दुकानों पर भी बढ़ी निगरानी
पुलिस अब चोरी का सामान खरीदने और बेचने वालों पर विशेष नजर रख रही है। खासकर कबाड़ी दुकानों, सेकेंड हैंड बैटरी दुकानों और संदिग्ध कारोबारियों की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कई बार चोरी का सामान बेहद कम कीमत पर खरीदकर आगे बेच दिया जाता है, जिससे अपराधियों को बढ़ावा मिलता है।
इसी को देखते हुए पुलिस ने दुकानदारों को भी चेतावनी दी है कि बिना वैध दस्तावेजों के कोई भी सामान खरीदने से बचें। यदि किसी दुकान पर चोरी का सामान पाया जाता है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
न्यायालय भेजे गए आरोपी
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की। मेडिकल परीक्षण और पूछताछ के बाद उन्हें न्यायालय भेज दिया गया। पुलिस अब आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे पहले भी चोरी की घटनाओं में शामिल रहे हैं या नहीं।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और आगे भी कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। चोरी की अन्य घटनाओं से भी इन आरोपियों के संबंधों की जांच की जा रही है।
जनता से पुलिस की अपील
पुलिस ने आम जनता से भी सतर्क रहने की अपील की है। लोगों से कहा गया है कि अपने वाहनों, इनवर्टर और अन्य कीमती सामान की सुरक्षा सुनिश्चित करें। यदि किसी क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचना दें।
साथ ही पुलिस ने यह भी कहा है कि चोरी का सामान खरीदने से बचें। कम कीमत के लालच में चोरी का सामान खरीदना भी अपराध की श्रेणी में आता है और इसके लिए कठोर सजा का प्रावधान है।
महराजगंज कोतवाली पुलिस की इस कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जनपद पुलिस अपराधियों के खिलाफ पूरी तरह सक्रिय है। चोरी की सात बैटरियों की बरामदगी और तीन आरोपियों की गिरफ्तारी से जहां पीड़ितों को राहत मिली है, वहीं अपराधियों में भी पुलिस का भय देखने को मिल रहा है। आने वाले दिनों में पुलिस का यह अभियान और तेज होने की संभावना है, जिससे जिले में अपराध नियंत्रण को और मजबूती मिलेगी।
